बिहार के बाद अब झारखंड में भी SIR क शुरुआत होने जा रही है. देश के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस समय झारखंड में हैं. उन्होंने आज (सोमवार, 05 जनवरी) अपने परिवार के साथ देवघर जाकर बाबा बैद्यनाथ के दरबार में पूजा-अर्चना की. इसके बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ने देवघर के तपोवन स्कूल में BLO के साथ बैठक की और प्रेस ब्रीफिंग भी की. इस दौरान उन्होंने बताया कि SIR को लेकर उनकी तैयारी बहुत अच्छी है और यह जानकर काफी खुशी हुई. उन्होंने इस दौरान तारीखों का ऐलान नहीं किया, लेकिन कहा कि इन दो दिनों के प्रवास के दौरान मुझे यह अनुभव हुआ. मुख्य चुनाव आयुक्त ने आगे कहा कि झारखंड के तमाम अधिकारी मतदाता सूची के शुद्धिकरण करने का कोई कसर नहीं छोड़े हैं. झारखंड में भी मतदाता सूची के लिए अति शीघ्र डेट अनाउंस होगा और इसको किया जाएगा.
उन्होंने कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और शुद्ध मतदाता सूची और बहुत ही पारदर्शी तरह से संपन्न होगा. ज्ञानेश कुमार ने कहा कि शुद्ध मतदाता सूची पारदर्शीय भारत का निर्माण है. सबसे पहले बिहार में फिर पूर्ण हुआ और वहां पर चुनाव भी हुए. वहां पर मतदाता सूची और सहायक निर्वाचन पदाधिकारी और इलेक्ट्रॉनिक रजिस्ट्रेशन ऑफिसर जो बनाए थे, उस पर जीरो अपील प्राप्त हुए. इतनी पारदर्शिता के साथ काम किया गया है. उसी के साथ-साथ SIR पूरे 12 राज्यों में चल रहा है.
उन्होंने कहा कि इनमें से 11 राज्यों की प्राप्त सूची आ चुकी है. उत्तर प्रदेश की लिस्ट आनी है. शुद्ध मतदाता की प्राप्त सूची आने के बाद एक प्रक्रिया होती है. जिसको बोलते हैं कि कंप्लेन एंड ऑब्जेक्शन, प्राप्त सूची हर राजनीतिक दल को दी जाती है और उनसे यह निवेदन किया जाता है कि अगर इसमें कोई इसमें त्रुटी रह गई. बूथ लेवल ऑफिसर घर-घर जाते हैं तो गलतियां हो सकती हैं. कोई छूट सकता है, लेकिन उनको सही कराया जा सकता है.
