बक्सर जिले के डुमराव थाना क्षेत्र के वार्ड संख्या-18 में चोरी की एक ऐसी वारदात सामने आई है. जिसने सभी को हैरान कर दिया है. यहां दिन के उजाले में 135 फीट ऊंचा मोबाइल टावर उससे जुड़े तकनीकी उपकरण और जनरेटर तक गायब कर दिए गए. मगर, किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी.
पुलिस ने बताया कि चोरों ने दो दिनों तक मौके पर रहकर पूरे टावर को खोलकर आराम से ले गए. मामले का खुलासा तब हुआ जब जिटीएल कंपनी के अधिकारी टावर का निरीक्षण करने पहुंचे. वहां पहुंचने पर उन्होंने देखा कि मोबाइल टावर, तकनीकी उपकरण और जनरेटर सभी गायब हैं. इसके बाद कंपनी की ओर से डुमराव थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई.
शिकायत मिलने के बाद पुलिस जांच में जुट गई. जांच के दौरान स्थानीय लोगों से पूछताछ में पता चला कि कुछ लोग कई दिन पहले दो दिनों तक वहां काम करते दिखाई दिए थे और टावर को खोलकर वाहन पर लादकर ले गए थे. लोगों को लगा कि कंपनी के अधिकृत कर्मचारी टावर को हटाने का काम कर रहे हैं. इसलिए किसी ने संदेह नहीं किया.
वहीं, जिस जमीन पर टावर स्थापित था. उसके मालिक ने अलग ही दावा किया है. उनका कहना है कि जिटीएल कंपनी के साथ वर्ष 2010 में 12 वर्षों का एग्रीमेंट हुआ था, लेकिन वर्ष 2017 के बाद कंपनी ने किराया देना बंद कर दिया. इस संबंध में उन्होंने कंपनी को चार बार कानूनी नोटिस भी भेजा था.
जमीन मालिक का आरोप है कि बिना बकाया भुगतान किए कंपनी की मिलीभगत से टावर हटाया गया है. फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह संगठित चोरी है या फिर टावर को किसी विवाद के तहत हटाया गया है. मामले की सच्चाई जांच के बाद ही सामने आ सकेगी.
