बिहार के औरंगाबाद जिले से रहस्यमयी तरीके से लापता हुईं 4 नाबालिग लड़कियां हरियाणा के गुरुग्राम से बरामद हुई हैं. एसडीपीओ चंदन कुमार ने बताया कि चारो लड़कियां बिना घरवालों को बताए दिल्ली घूमने गई थीं. देव थाना पुलिस ने चारो को गुरुग्राम के उद्योग नगर थाना क्षेत्र से सकुशल बरामद किया है. अब छात्राओं को वापस औरंगाबाद लाया जा रहा है. यहां उनका बयान दर्ज करके और अन्य कागजी कार्यवाही पूरी करके सभी लड़कियों को परिजनों को सौंप दिया जाएगा.
एक साथ गायब हुई चार लड़कियों में से एक लड़की के पिता ने पुलिस में मामला दर्ज कराते हुए कहा था कि अन्य तीन लड़कियों ने उनकी बेटी को बहलाया-फुसलाया और अपने साथ भगा ले गईं. परिजनों को इस बात का गहरा डर सता रहा था कि उनकी बेटी कहीं किसी मानव तस्करी या किसी संगठित अपराधी गिरोह के जाल में तो नहीं फंस गई हैं. वहीं इस मामले में हिंदू संगठनों ने एक मुस्लिम लड़की को मास्टरमाइंड बताते हुए पुलिस को आवेदन दिया था. चारो लड़कियां तिलौता बिगहा गांव की हैं.
उधर औरंगाबाद के हसपुरा थाना के सैदपुर गांव में 5 नाबालिग बच्चियों के जहर खा लेने की घटना भी सामने आई है. 5 में से 4 लड़कियों की मौत होने पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया. घटना बीती 29 जनवरी की बताई जा रही है लेकिन लोगों को 31 जनवरी की देर रात इस घटना की जानकारी मिली थी. इसके बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया.
इसके बाद हसपुरा थाना पुलिस ने मामले की पुष्टि के लिए एक चौकीदार को सैदपुर भेजा, लेकिन घटना की पुष्टि नहीं हो पाई. दाउदनगर के एसडीपीओ अशोक कुमार दास ने भी ग्रामीणों से पूछताछ की लेकिन उन्हें भी कुछ खास जानकारी हासिल नहीं हो सकी. लड़कियों ने ऐसा कदम क्यों उठाया? इस बात का खुलासा अभी तक नहीं हो सका है. यहां तक कि मौत की पुष्टि तक नहीं हो सकी है.
