बिहार के मधुबनी जिले में पुलिस और आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय साइबर ठग गिरोह के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है. इस मामले में पुलिस ने सरगना समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है.
पुलिस के मुताबिक, मधुबनी के तिरहुत कॉलोनी स्थित घर से संचालित केंद्र के जरिए यह गिरोह चीन, म्यांमार, थाईलैंड और कंबोडिया में बैठे साइबर अपराधियों के साथ मिलकर ये वारदात को अंजाम देता था. पुलिस ने इस गिरोह से जुड़े मनदीप कुमार, रोशन कुमार, मोहम्मद एहसान और विकास कुमार को गिरफ्तार किया है. बताया गया कि ये लोग निजी कंपनियों के डिवाइस और सिम बॉक्स का उपयोग कर अंतरराष्ट्रीय ठगी को अंजाम देते थे.
पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने गुरुवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि पुलिस ने मौके से सात सिम बॉक्स, 136 मोबाइल, 136 से अधिक सिम कार्ड, वाईफाई केबल और स्विच समेत भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के साथ 1.68 लाख रुपए भी बरामद किए हैं. इसके अलावा कई उपकरण और दस्तावेज जब्त किए गए हैं. उन्होंने बताया कि अवैध टेलीकॉम एक्सचेंज चलाया जा रहा था, जिसके जरिए अंतर्राष्ट्रीय कॉल को लोकल वॉइस कॉल में बदलकर साइबर अपराध किया जा रहा था.
पुलिस अधीक्षक ने विशेष टीम का गठन कर तकनीकी जांच और खुफिया जानकारी के आधार पर घर छापेमारी की थी. जिस स्थान पर छापेमारी की गई, वहां पूरी तरह हाईटेक कार्यालय तैयार किया गया था. ये लोग सिम बॉक्स के सहारे एक ही समय में कई विदेशी कॉल को भारत के विभिन्न राज्यों के लोगों के मोबाइल पर डाइवर्ट करते थे. इससे रिसीवर को लगता था कि कॉल भारत के ही किसी नंबर से आ रही है. उन्होंने बताया कि इस पूरे मामले की जानकारी राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी को भी दे दी गई है. सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है.
